मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स को नई पहचान दी कृष्णा श्रॉफ ने
मुंबई । फिटनेस को लेकर अपने व्यक्तिगत जुनून को एक प्रभावशाली व्यवसाय में बदलते हुए बालीवुड एक्टर जैकी श्राफ की बेटी कृष्णा श्रॉफ ने भारत में मिक्स्ड मार्शल आर्ट्स (एमएमए) को एक नई पहचान दी है। बालीवुड के ज्यादातर सेलिब्रिटीज फैशन, ब्यूटी या लाइफस्टाइल ब्रांड्स की ओर रुख करते हैं, वहीं कृष्णा ने कॉम्बैट स्पोर्ट्स जैसे चुनौतीपूर्ण क्षेत्र को चुना। यह फैसला उनके भीतर फिटनेस के प्रति गहरे समर्पण और भारत में मार्शल आर्ट्स की तेजी से बदलती दुनिया को एक मजबूत मंच देने की इच्छा का परिणाम है। उन्होंने इस पारंपरिक रूप से पुरुष-प्रधान इंडस्ट्री में खुद को एक प्रभावशाली महिला उद्यमी के रूप में स्थापित किया है, जो उनकी व्यावसायिक दृष्टि और फिटनेस के प्रति सच्चे समर्पण को दर्शाता है।
कृष्णा श्रॉफ की सबसे बड़ी पहल उनकी एमएमए आधारित संस्था एमएमए मैट्रिक्स है, जो केवल व्यायाम की जगह नहीं, बल्कि एक पूर्ण प्रशिक्षण मंच है। यह संस्था न केवल पुरुषों और महिलाओं के लिए समान अवसर प्रदान करती है, बल्कि जमीनी स्तर की प्रतिभाओं को पेशेवर स्तर पर विकसित करने का भी काम करती है। कृष्णा सिर्फ जिम मुहैया नहीं करातीं, बल्कि प्रतिस्पर्धी प्लेटफॉर्म और मेंटरशिप के अवसर भी देती हैं। उनकी इस सोच का विस्तार मैट्रिक्स फाइट नाइट (एमएफएन) के रूप में हुआ है, जो उन्होंने अपनी मां आयशा श्रॉफ और भाई टाइगर श्रॉफ के साथ मिलकर शुरू किया।
यह भारत की प्रमुख एमएमए प्रमोशन कंपनियों में से एक बन चुकी है, जिसने हाल ही में अपना 16वां इवेंट नई दिल्ली में सफलतापूर्वक आयोजित किया। कृष्णा के लिए फिटनेस केवल शरीर को आकार देने की प्रक्रिया नहीं है, बल्कि यह एक जीवनशैली है जो मानसिक और शारीरिक संतुलन को प्राथमिकता देती है। वे ट्रेंडिंग डाइट्स में विश्वास नहीं करतीं, बल्कि एक कस्टमाइज फिटनेस रूटीन अपनाने की पक्षधर हैं। उनका मानना है कि फिटनेस को अस्थायी लक्ष्य की तरह नहीं, बल्कि जीवनभर के अनुशासन के रूप में अपनाना चाहिए।

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