हमें कमजोर मत समझना.....पुतिन ने किया न्यूक्लियर हथियारों का प्रदर्शन
मास्को। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अपने न्यूक्लियर हथियारों का प्रदर्शन शुरू कर दिया है। बड़े पैमाने पर न्यूक्लियर ड्रिल किए जा रहे हैं। 11 हजार किलोमीटर रेंज वाली इंटरकॉन्टीनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल यार्स और पनडुब्बी से लॉन्च होने वाली बुलावा बैलिस्टिक मिसाइल का सफल परीक्षण किया गया है। दोनों ही मिसाइलें परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम हैं। दोनों ही मिसाइलों को जमीन में मौजूद साइलो या सबमरीन से लॉन्च किया जा सकता है। यार्स को तो लॉन्चर इरेक्टर से भी दागा जा सकता है।
पुतिन दुनिया को ये बताना चाहते हैं खासतौर से नाटो और अमेरिका को कि यूक्रेन के चक्कर में रूस को कमजोर मत समझना...
2011 से रूस के सेना में तैनात. 49,600 किलोग्राम वजनी इस मिसाइल की लंबाई 73.81 फीट है। व्यास 6.56 फीट है। इस मिसाइल में 200 किलो टन क्षमता वाले तीन परमाणु या हथियार लोड किए जा सकते हैं। यह सॉलिड इंजन पर चलने वाली अंतरमहाद्वीपीय बैलिस्टिक मिसाइल हैं। इसकी रेंज 11 से 12 हजार किलोमीटर है। यह मिसाइल 30,600 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से दुश्मन पर हमला करती है। आरएसएम-56 बुलावा सबमरीन लॉन्च्ड न्यूक्लियर बैलिस्टिक मिसाइल है। बुलावा तीन स्टेज की मिसाइल है। सॉलिड फ्यूल पर चलने वाली बैलिस्टिक मिसाइल है। यह करीब 38 फीट लंबी है। वॉरहेड लगाने के बाद इसकी लंबाई बढ़कर 40 फीट हो जाती है। इसमें 6 से 10 एमआईआरवी हथियार लगा सकते हैं। सभी 100 से 150 किलो टन के एटम बम। इस मिसाइल की रेंज 8300 से 15 हजार किमी है लेकिन इसकी गति का खुलासा नहीं किया गया है। ऐसा माना जा रहा है कि यह मिसाइल रूस अपनी सीमाओं से दागे तो दुनिया के किसी भी कोने में पहुंच सकती हैं। चाहे वह अमेरिका हो या फिर ऑस्ट्रेलिया। रूस ने इस मिसाइल को अभी ओखोस्क सागर से दागा है।

राहुल गांधी को संसद के कामकाज में कोई रुचि नहीं........वे काम को बाधित करते
आखिर राजपाल यादव को जमानत मिल ही गई, जानिए कितने करोड़ जमा करने पड़े
Mahtari Vandan Yojana: इस जिले में महिलाओं को नहीं मिल रहा महतारी वंदन योजना का पैसा! निगम में की शिकायत
CG News: नई टीम के गठन के बाद बीजेपी संयुक्त मोर्चा की बड़ी बैठक, संगठन को मजबूत करने पर दिया जोर, CM साय भी हुए शामिल
एलएनसीटी विश्वविद्यालय प्रशासन की निरंतर जागरूकता कार्यक्रम चलाने की प्रतिबद्धता
नौरादेही टाइगर रिजर्व में मिला मरा हुआ बाघ, दो दिन से एक ही जगह मिल रही थी लोकेशन