बदलने वाली है कमलनाथ-नकुलनाथ की किस्मत! घर पहुंच शंकराचार्य ने दिया स्पेशल आशीर्वाद
छिंदवाड़ा: जगद्गुरु शंकराचार्य सदानंद सरस्वती जी महाराज कथा करने छिंदवाड़ा पहुंचे थे. शंकराचार्य की उपाधि मिलने के बाद पहली बार छिंदवाड़ा पहुंचे सदानंद सरस्वती जी महाराज की पूजा करने के लिए पूर्व सीएम कमलनाथ के बेटे भी हेलीकॉप्टर से छिंदवाड़ा पहुंचे और उन्होंने अपने निवास कमलकुंज में शंकराचार्य स्वामी की पादुका पूजन कर आशीर्वाद भी लिया.
कमलनाथ के घर कमलकुंज पहुंचे जगदगुरू
अन्नत श्री विभूषित द्वारका शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरू शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी महाराज का पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ एवं पूर्व सांसद नकुलनाथ के निवास शिकारपुर कमलकुंज में आगमन हुआ. अगवानी करते हुए नकुलनाथ उन्हें निज निवास में लेकर पहुंचे जिसके बाद नकुलनाथ ने पूर्व सीएम कमलनाथ, स्वयं व छिंदवाड़ा संसदीय क्षेत्र की जनता की ओर से महाराज का अभिवादन किया. नकुलनाथ ने कमलकुंज में पधारे जगतगुरू शंकराचार्य की पादुका पूजन की. इसके बाद महाराज ने उपस्थित लोगों को दर्शन व आशीर्वाद दिया.
संत के आगमन से छिंदवाड़ा की धरा हुई पवित्र
मीडिय से नकुलनाथ ने कहा कि, ''द्वारका शारदा पीठाधीश्वर जगदगुरू शंकराचार्य स्वामी श्री सदानंद सरस्वती जी महाराज के आगमन ने छिंदवाड़ा संसदीय क्षेत्र व घर को पवित्र कर दिया. ईश्वर की भक्ति से परम तत्व की प्राप्ति होती है. सत्संग के प्रभाव से ही व्यक्ति महान हो जाता है, सत्संग छूटने से महान व्यक्ति का भी पतन हो जाता है. जगदगुरू शंकराचार्य महाराज का शुभ आगमन व सेवा का सौभाग्य प्राप्त हुआ. महाराज जी के चरणों से हमारा घर आंगन पवित्र हो गया.'' उन्होंने कहा कि, ''मैंने जिलेवासियों की ओर से यही विनती की है कि आप फिर सिद्ध सिमरिया धाम में पधारकर आशीर्वाद दें, उनकी सेवा के लिए हम सदैव तत्पर रहेंगे.''

“हर राज्य में जनता का भरोसा BJP पर” — जीत के बाद बोले CM मोहन यादव
धूल, गर्मी और एलर्जी से बढ़ सकती है परेशानी, अस्थमा मरीज सावधान
DMK को पीछे छोड़ TVK आगे, विजय बने चर्चा का केंद्र
नरेंद्र मोदी के दौरे पर चर्चा, बंगाल में ज्यादा सक्रियता
हंटावायरस संक्रमण क्या है? कैसे फैलता है और क्या हैं संकेत
IPL 2026 में चेन्नई को झटका, रामकृष्ण की चोट से बढ़ी चिंता
भारत का खास तोहफा, जमैका के ऐतिहासिक स्टेडियम में नई सुविधा
उमरेठ उपचुनाव में भाजपा का परचम, हर्षद परमार ने मारी बाजी
ओंकारेश्वर में पर्यावरण और रोजगार का संगम, आटे के दीपदान
जीत के बाद गरजे बाबर, बोले- हर फॉर्मेट में खेलने को तैयार हूं