जम्मू से श्रीनगर जा रही बस ने टक्कर से बचने के प्रयास में टनल की दीवार से टकराई, 12 लोग घायल
जम्मू-कश्मीर के बनिहाल में एक भयानक हादसा सामने आया. यात्रियों से भरी हुई एक बस बनिहाल-काजीगुंड नायुग सुरंग में हादसे का शिकार हो गई. बुधवार की शाम को यह हादसा हुआ. इस बस हादसे में दर्जनों लोग घायल हुए हैं. अधिकारियों ने बताया कि एसआरटीसी की एक बस बनिहाल-काजीगुंड नायुग सुरंग के अंदर हादसे का शिकार हो गई. बस दुर्घटना में अब तक 12 लोग घायल हो गए हैं. वहीं, 5 को जीएमसी अनंतनाग अस्पताल में भर्ती कराया गया है.
कैसे हुआ हादसा?
अधिकारियों ने बताया कि जम्मू से श्रीनगर जा रही बस टक्कर से बचने की कोशिश कर रही थी, लेकिन काजीगुंड-बनिहाल सुरंग की दीवार से टकराकर पलट गई. अधिकारियों ने बताया कि बस जम्मू से श्रीनगर की तरफ जा रही थी तब ही टनल में यह हादसा हुआ. उन्होंने कहा कि कम से कम 12 लोग इस हादसे में घायल हो गए हैं, जिन्हें तुरंत पास के अस्पताल में ले जाया गया है. जहां से उनमें से पांच को जीएमसी अनंतनाग अस्पताल में शिफ्ट कर दिया गया है.
डॉ काजीगुंड ने बताया कि हमें घायल लोग मिले हैं, उनमें से पांच को काजीगुंड अस्पताल से जीएमसी अनंतनाग में स्थानांतरित कर दिया गया है. एक अधिकारी ने कहा कि बस हादसे के बाद सुरंग के अंदर ट्रैफिक निलंबित कर दिया गया था और सभी घायलों को इलाज के लिए काजीगुंड अस्पताल ले जाया गया.
ट्रैफिक को किया गया बहाल
अधिकारी ने बताया कि सुरंग के बीच से बस को हटाकर दोनों तरफ से यातायात बहाल कर दिया गया है. उन्होंने कहा कि पहले सुरंग के दोनों तरफ से यातायात की आवाजाही रोक दी गई थी और बस को घटनास्थल से उठाने के लिए रिकवरी वैन को बुलाया गया था. दरअसल, बनिहाल-काजीगुंड फोर-लेन सुरंग 8.5 किलोमीटर लंबी है और इस सुरंग के रखरखाव की जिम्मेदारी अथान कंपनी के पास है.

आध्यात्मिक चिकित्सा: तुलसी पूजन और गो सेवा से मानसिक और शारीरिक व्याधियों का अंत
समस्याओं का अचूक समाधान हैं 'यंत्र'; जानें व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए कौन सा यंत्र है सर्वश्रेष्ठ?
कैसा होगा आपका भविष्य? हस्तरेखा शास्त्र से समझें हाथ की रेखाओं और हथेली के आकार का मेल
सिर्फ शिष्टाचार नहीं, सेहत और सौभाग्य का प्रतीक है मेहमान को पानी देना; जानें क्या कहता है शास्त्र?
राशिफल 01 मई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
1 मई अंतर्राष्ट्रीय श्रमिक दिवस पर विशेष : हर हाथ को काम, हर श्रमिक को सम्मान: विष्णु देव सरकार की प्रतिबद्धता
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गेहूँ उपार्जन केन्द्रों का किया आकस्मिक निरीक्षण
दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना से सावित्री को मिला संबल
मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय की संवेदनशील पहल
राज्य सरकार धर्म-संस्कृति की धारा को प्रवहमान बनाए रखने के लिए सतत् सक्रिय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव