छत्तीसगढ़ में अपनों ने डुबोई कांग्रेस की नैया, निकाय चुनाव में बिना वोटिंग जीते बीजेपी के कई प्रत्याशी
छत्तीसगढ़ में हो रहे नगरीय निकाय चुनाव में कांग्रेस को चुनाव से पहले ही कई झटके लगते दिख रहे हैं, जिससे बीजेपी को विभिन्न स्थानों पर निर्विरोध जीत का मौका मिल गया है।
प्रदेश के कई नगर निगमों और नगर पालिकाओं में कांग्रेस के प्रत्याशियों ने नाम वापसी कर ली है, जिसके कारण बीजेपी को कई वार्डों में वॉकओवर मिल गया है। रायगढ़, बिलासपुर, कटघोरा, दुर्ग, भिलाई, धमतरी जैसे शहरों में कांग्रेस के प्रत्याशियों ने नाम वापस लिया है, जिससे बीजेपी को वहां निर्विरोध जीत मिल रही है।
प्रमुख स्थानों पर कांग्रेस को झटका:
1. रायगढ़ नगर निगम:
- वार्ड 45 से कांग्रेस प्रत्याशी खीरी लाल सिंह और वार्ड 18 से शीला साहू ने अपना नाम वापस लिया, जिसके बाद बीजेपी के नारायण पटेल और पूनम सोलंकी को निर्विरोध जीत मिल गई।
2. बिलासपुर नगर निगम:
- वार्ड 13 से कांग्रेस प्रत्याशी श्याम पटेल का नामांकन निरस्त होने पर बीजेपी के रमेश पटेल को वॉकओवर मिला।
3. कटघोरा नगर पालिका:
- वार्ड 13 और 18 में कांग्रेस प्रत्याशियों ने नामांकन वापस लिया, जिससे बीजेपी को यहां भी वॉकओवर मिल गया।
4. दुर्ग नगर निगम:
- वार्ड 21 में कांग्रेस प्रत्याशी मीरा सिंह ने नाम वापस लिया, जिससे बीजेपी की विद्यावती सिंह को निर्विरोध जीत मिल गई।
5. भिलाई नगर निगम:
- वार्ड 35 से कांग्रेस प्रत्याशी मनोज सिन्हा ने नाम वापस लिया, जिससे बीजेपी के चन्दन यादव निर्विरोध विजयी हुए।
6. धमतरी नगर निगम:
- महापौर पद के लिए कांग्रेस प्रत्याशी का नामांकन खारिज होने से बीजेपी को बढ़त मिल गई है, हालांकि निर्दलीय उम्मीदवारों ने चुनाव में भाग लिया है।
इसके अतिरिक्त बसना नगर पंचायत और विश्रामपुर नगर पंचायत में भी कांग्रेस प्रत्याशियों ने नाम वापसी की है, जिससे बीजेपी को वहां भी जीत का रास्ता साफ हो गया है।
इस समय छत्तीसगढ़ के नगरीय निकाय चुनाव में महापौर पद के लिए 109, अध्यक्ष पद के लिए 816 और पार्षद पद के लिए 10,000 से अधिक प्रत्याशी मैदान में हैं। वोटिंग 11 फरवरी को होगी और नतीजे 15 फरवरी को घोषित होंगे।
बीजेपी के लिए यह एक बड़ा अवसर है, क्योंकि चुनाव से पहले ही कई स्थानों पर उसे निर्विरोध जीत मिल रही है, जिससे पार्टी के हौसले बुलंद हैं।

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